पानी वाला मोड़ के समीप भूस्खलन से मकानों पर मंडराया खतरा, दहशत में लोग
मसूरी। लगातार हो रही भारी बारिश के बीच मसूरी-देहरादून मार्ग पर पानी वाला मोड़ के समीप भूस्खलन से आसपास के आवासीय मकानों पर खतरा मंडराने लगा है। पहाड़ से लगातार हो रहे भू-कटाव और नाले के तेज बहाव के कारण स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। जिस कारण वहां रहने वाले लोगों ने मकान खाली कर दिए है।
लगातार मूसलाधार बारिश के बाद जहां आम जनजीवन प्रभावित हुआ है वही नदी नाले उफान पर आ गए हैं मौसम विभाग के अनुसार तीन दिनों तक उत्तराखंड के कई जिलों में भारी से भारी बारिश होने की चेतावनी जारीकर जिला देहरादून में कल 30 अगस्त को 12वीं कक्षा तक के सभी विद्यालयों का अवकाश घोषित कर दिया गया है ।
पानी वाला मोड़ के समीप पहाड़ी दरकने से बड़ी मात्रा में मलबा नीचे की ओर आया है। इसके चलते सड़क के साथ ही आसपास बने मकानों और अन्य प्रतिष्ठानों को खतरा पैदा हो गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि बारिश इसी तरह जारी रही तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में कुछ परिवारों को एहतियातन सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया है। वहीं कई मकानों में पानी घुसने, दीवारों में दरार आने और अन्य नुकसान की सूचना भी सामने आई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल मौके का निरीक्षण कर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने और नाले व पहाड़ी का स्थायी उपचार कराने की मांग की है।
उधर, मसूरी-देहरादून मार्ग पर भी कई स्थानों पर मलबा और बोल्डर आने से यातायात प्रभावित हुआ है। लोक निर्माण विभाग की टीम द्वारा जेसीबी मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य किया जा रहा है और मार्ग की लगातार निगरानी की जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि समय रहते भू-कटाव को रोकने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो आने वाले दिनों में बड़ा हादसा हो सकता है।
