मसूरी में बोले कांग्रेस पर्यवेक्षक अजय कुमार लल्लू— ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ आंदोलन से जुड़े उत्तराखंड
मसूरी । देहरादून के कांग्रेस पर्यवेक्षक एवं यूपी कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कुलड़ी स्थित एक होटल में पत्रकारों से बातचीत करते हुए निर्वाचन आयोग और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला।
कांग्रेस की मुख्य मांगें:
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार तत्काल इस्तीफा दें।
एसआईआर (SIR) व्यवस्था रद्द हो और बैलेट पेपर से मतदान की वापसी की जाए।
मतदाता सूची से नाम काटे जाने की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में स्वतंत्र ऑडिट कराई जाए और पूरा ब्योरा सार्वजनिक किया जाए।
मतदाता सूची मशीन-रीडेबल और पारदर्शी रूप से उपलब्ध कराई जाए ताकि पात्र मतदाताओं के मताधिकार की सुरक्षा तय हो सके।
अजय कुमार लल्लू ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग के एक सॉफ्टवेयर के जरिए नियमों को दरकिनार कर देशभर में करोड़ों लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि महाराष्ट्र और गोवा के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों की आपत्तियों को भी नजरअंदाज कर फॉर्म-6 में एकतरफा बदलाव किए गए।
उन्होंने बताया कि ‘वोट चोरी’ रोकने और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के नेतृत्व में 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में 10 लाख लोगों का ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ मार्च आयोजित किया जा रहा है।
लल्लू ने उत्तराखंड और मसूरी के कांग्रेस कार्यकर्ताओं से इस मार्च में भारी संख्या में दिल्ली पहुंचने का आह्वान किया। पत्रकार वार्ता के बाद उन्होंने शहर कांग्रेस कार्यालय में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर दिल्ली कूच की तैयारियों की समीक्षा की।
इस दौरान पछवादून जिलाध्यक्ष संजय किशोर, पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला, शहर कांग्रेस अध्यक्ष अमित गुप्ता, पूर्व पालिकाध्यक्ष अनुज गुप्ता, आलिंद्र शर्मा, अमरेंद्र बिष्ट और गोदावरी थापली सहित कई वरिष्ठ कांग्रेसी नेता व कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
