टैक्सी में अवैध रूप से सवारी बैठाने पर बवाल, मसूरी में दो गुटों में मारपीट, थाने पहुंचे दोनों पक्ष
मसूरी । पहाड़ों की रानी मसूरी में अवैध रूप से सवारी ढोने के विवाद ने हिंसक रूप ले लिया है। दो पक्षों के बीच हुई तीखी झड़प के बाद देर रात मसूरी टैक्सी कार एसोसिएशन के कार्यालय में जमकर तोड़फोड़ की गई। उपद्रवियों ने कार्यालय के शीशे, सीसीटीवी कैमरे और आधिकारिक रजिस्टर फाड डाला। इस घटना के विरोध में टैक्सी यूनियन ने शहर के तीनों मुख्य स्टैंडों पर टैक्सियों का संचालन पूरी तरह ठप कर दिया है, जिससे पर्यटकों और स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। यूनियन का साफ कहना है कि जब तक हमलावरों की गिरफ्तारी नहीं होती, हड़ताल जारी रहेगी।
विवाद की शुरुआत एक होटल के बाहर अवैध रूप से सवारी बैठाने को लेकर हुई। मसूरी टैक्सी कार एसोसिएशन के अनुसार, सूचना मिलने पर जब कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे तो दूसरे पक्ष ने हाथापाई शुरू कर दी। इसके बाद देर रात दूसरे पक्ष के लोगों ने एसोसिएशन के दफ्तर पर धावा बोल दिया। एसोसिएशन के अध्यक्ष विरेंद्र पंवार उर्फ ‘गुड्डू’ ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया कि हमलावरों ने दफ्तर में भारी तोड़फोड़ की और गल्ले में रखे करीब ₹1.5 लाख भी लूटकर फरार हो गए।
घटना के बाद दोनों पक्ष मसूरी कोतवाली पहुंचे। कोतवाल के सामने ही दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक शुरू हो गई, जो देखते ही देखते कोतवाली प्रांगण में हाथापाई में बदल गई। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने बीच-बचाव कर स्थिति संभाली।
दूसरी ओर, विरोधी पक्ष ने भी कोतवाली में क्रॉस तहरीर दी है। उनका आरोप है कि वे जब होटल में सवारी लेने गए थे, तब एसोसिएशन के दो कर्मचारियों ने उनके साथ मारपीट की। शाम को जब वे मामले की बात करने एसोसिएशन कार्यालय पहुंचे, तो वहां मौजूद लोगों ने उनके साथ दोबारा मारपीट की, जिसके बाद पुलिस उन्हें कुलड़ी चौकी ले आई।
मामले में कोतवाल नरेंद्र गहलावत ने बताया कि रात में सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची थी और एसोसिएशन द्वारा लगाए गए जाम को खुलवाया गया था। दोनों पक्षों की ओर से तहरीर मिल चुकी है और मामले की निष्पक्ष जांच कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
हालांकि, पुलिस के रुख से असंतुष्ट टैक्सी एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने एसडीएम से मिलकर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई और सख्त कार्रवाई की मांग की। इधर, टैक्सी एसोसिएशन ने आपात बैठक बुलाकर विवाद में शामिल 3 टैक्सियों की सदस्यता तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी है। घटना के बाद से पूरे इलाके में तनाव बना हुआ है।
